प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपने विदेश दौरे के चौथे पड़ाव पर ब्राजील में हैं। उन्होंने राजधानी रियो डी जेनेरियो में 17वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में हिस्सा लिया। उन्होंने यहां कहा कि आतंकवाद मानवता के लिए सबसे बड़ा खतरा है। पीएम मोदी ने कहा कि हाल ही में पहलगाम में अमानवीय और क्रूर आतंकवादी हमला हुआ। यह मानवता पर हमला था। ब्रिक्स शांति एवं सुरक्षा तथा वैश्विक शासन सुधार सत्र के दौरान पीएम मोदी ने शांति और भाईचारे के प्रति भारत की प्रतिबद्धता जताते हुए पड़ोसी देशों पर निशाना साधा और कहा कि दोहरे मानदंडों के लिए कोई जगह नहीं है।
पीएम मोदी ने कहा, “अगर कोई देश प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से आतंकवाद का समर्थन करता है तो उसे इसकी कीमत चुकानी होगी। आतंकवादियों पर प्रतिबंध लगाने में कोई हिचकिचाहट नहीं होनी चाहिए। आतंकवाद का समर्थन या इसकी मौन सहमति को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पीएम मोदी ने सभी देशों से इस पर निर्णायक फैसला लेने को कहा है।”
पीएम मोदी ने कहा कि भारत महात्मा गांधी और गौतम बुद्ध से प्रेरित होकर शांति के मार्ग पर आगे बढ़ता रहेगा। उन्होंने कहा कि फिर चाहे परिस्थितियां कितनी भी मुश्किल हो, शांति मानवता के कल्याण के लिए सबसे बेहतरीन मार्ग रहेगा।
बता दें कि ब्रिक्स देशों ने पहलगाम आतंकी हमले की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए संयुक्त बयान जारी किया। इस बयान में कहा गया कि हम 22 अप्रैल को जम्मू कश्मीर आतंकी हमले की कड़ी निंदा करते हैं, जिसमें 26 लोगों की मौत हो गई थी जबकि कई लोग घायल हो गए। ब्रिक्स ने कहा कि हम आतंकवाद के लिए जीरो टॉलरेंस अपनाने का आग्रह करते हैं और आतंकवाद से निपटने के लिए दोहरे मापदंडों को खारिज करने का आग्रह करते हैं।