प्रदीप भंडारी के शो जनता का मुकदमा के मुहिम का बड़ा असर, यासीन मलिक को आतंकवाद और अलगाववादी गतिविधियों का दोषी ठहराया

अलगाववादी नेता मोहम्मद यासीन मलिक को दिल्ली की अदालत ने मंगलवार (10 मई) को आतंकवाद और 2017 में कश्मीर घाटी में अलगाववादी गतिविधियों से संबंधित एक मामले में दोषी माना. यासीन मलिक को गैरकानूनी गतिविधि रोकथाम अधिनियम (यूएपीए) का भी दोषी पाया गया है. अदालत ने यह भी कहा कि मलिक ने स्वतंत्रता संग्राम के नाम पर जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी और अन्य गैरकानूनी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए दुनिया भर से धन जुटाने के लिए तंत्र बनाया. अब यासीन मलिक को सजा 19 मई को सुनाई जाएगी. यह प्रदीप भंडारी के शो जनता का मुकदमा और इंडिया न्यूज़ के मुहिम की बड़ी जीत है.

आपको बता दें कि इन सभी आतंकवादियों के खिलाफ कश्मीर फाइल्स फिल्म आने के बाद प्रदीप भंडारी ने अपने शो जनता का मुकदमा में आतंकवादी बिट्टा कराटे, यासीन मलिक सहित कश्मीरी पंडितों का नरसंहार करने वाले सभी आतंकवादियों के खिलाफ फांसी की सजा की मांग की थी.

प्रदीप भंडारी की मुहिम के बाद एनआईए कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाते हुए इन सभी के खिलाफ आरोप तय करने का आदेश दिया था. इसके बाद प्रदीप भंडारी ने ट्वीट करते हुए लिखा कि, “विवेक अग्निहोत्री द्वारा The Kashmir Files के विमोचन के बाद, मैं इंडिया न्यूज पर जनता का मुकद्दमा पर एक अभियान चला रहा हूं, कि कश्मीरी हिंदुओं के हत्यारों को फांसी दो. आज एनआईए कोर्ट ने आतंकी यासीन मलिक के खिलाफ यूएपीए के तहत आरोप तय करने का आदेश दिया. #HangBittaKarate मुहीम से जुड़ें!”

पूर्व सीएम फारुख अब्दुल्ला ने आतंकवादी यासीन मलिक की पीठ थपथपाई थी

अपने शो जनता का मुकदमा पर 19 मार्च को, प्रदीप भंडारी ने यासीन मलिक की पीठ थपथपाने और उनके ‘अच्छे काम’ की सराहना करने के लिए जम्मू-कश्मीर के पूर्व सीएम और एनसी संरक्षक फारूक अब्दुल्ला से सवाल किए थे.

प्रदीप भंडारी ने 2006 की एक तस्वीर दिखाई थी, जिसमें पूर्व सीएम फारूक अब्दुल्ला आतंकवादी यासीन मलिक के कंधों पर हाथ रखकर खड़े हुए हैं. और फोटो के शीर्षक में लिखा हुआ था कि,27 अगस्त 2006 को पूर्व सीएम फारुख अब्दुल्ला आतंकवादी यासीन मलिक के कंधों पर हाथ रखकर कहते हैं कि “गुड जॉब यासीन मलिक”.

 

Must Read

Latest