बीजेपी के राष्ट्रीय मीडिया सहसंयोजक और प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने कांग्रेस सांसद राहुल गांधी पर वोट बैंक की राजनीति करने का आरोप लगाया है। उन्होंने भारत जोड़ो यात्रा, दीपावली, व्यापारियों और 1984 के सिख दंगों के पीड़ितों से जुड़े मुद्दों का हवाला देते हुए राहुल गांधी की आलोचना की। प्रदीप भंडारी ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी हिंदू त्योहारों और व्यापारियों की चिंताओं को गंभीरता से नहीं लेते हैं।
प्रदीप भंडारी ने कहा कि जब भारत जोड़ो यात्रा के दौरान दूसरे धर्मों के लोगों की ओर से राहुल गांधी से यात्रा रोकने का अनुरोध किया गया, तो उन्होंने यात्रा को छह दिनों से अधिक समय तक रोक दिया था। हालांकि प्रदीप भंडारी के मुताबिक, जब दीपावली, व्यापारियों और सिख समुदाय से जुड़ी चिंताओं का मामला सामने आया, तो राहुल गांधी ने 1 नवंबर को प्रस्तावित अपनी रैली स्थगित नहीं की।
प्रदीप भंडारी ने इस मुद्दे को उठाते हुए राहुल गांधी पर वोट बैंक की राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी के लिए राजनीतिक हित सर्वोपरि हैं और उन्हें हिंदू त्योहारों तथा व्यापारियों की समस्याओं की चिंता नहीं है। प्रदीप भंडारी ने राहुल गांधी पर हिंदुओं और व्यापारियों के प्रति नकारात्मक रवैया रखने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि दीपावली जैसे महत्वपूर्ण हिंदू त्योहार के दौरान व्यापारियों की चिंताओं को नजरअंदाज करना उनकी प्राथमिकताओं पर सवाल खड़े करता है।
प्रदीप भंडारी ने राहुल गांधी के विदेश दौरे का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि वह नवरात्रि के दौरान वियतनाम में छुट्टियां मनाने गए थे। उन्होंने इसे हिंदू त्योहारों के प्रति राहुल गांधी के रवैये से जोड़ते हुए उनकी आलोचना की। प्रदीप भंडारी ने अपने बयान में 1984 के सिख दंगों के पीड़ितों का भी जिक्र किया। उन्होंने दावा किया कि पीड़ितों ने राहुल गांधी से 1 नवंबर की रैली स्थगित करने का अनुरोध किया था, लेकिन उन्होंने इस अपील पर ध्यान नहीं दिया।
प्रदीप भंडारी ने इस मुद्दे को सिख समुदाय की भावनाओं से जोड़ते हुए राहुल गांधी पर सिखों की चिंताओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया। उनके मुताबिक, इस मामले में राहुल गांधी का रुख उनके राजनीतिक दृष्टिकोण को दर्शाता है।
अपने बयान के अंत में प्रदीप भंडारी ने राहुल गांधी को’एंटी-डेमोक्रेसी’ और ‘एंटी-सनातन’ बताते हुए आरोप लगाया कि वह पंजाब के लोगों की भावनाओं का सम्मान नहीं करते हैं। प्रदीप भंडारी ने कहा कि राहुल गांधी के राजनीतिक रवैये में वोट बैंक की राजनीति हावी है। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी हिंदुओं, व्यापारियों और सिख समुदाय से जुड़े मुद्दों पर संवेदनशीलता नहीं दिखाते हैं।
