पीएम स्वनिधि योजना के 6 साल पूरे हो चुके हैं। इस योजना के तहत स्ट्रीट वेंडर्स को वर्किंग कपिटल लोन उपलब्ध कराया जाता है। साथ ही समय पर लोन चुकाने वालों को ब्याज सब्सिडी और क्रेडिट गारंटी का लाभ भी मिलता है। सरकार के अनुसार पीएम स्वनिधि योजना के तहत अभी तक 75.5 लाख से अधिक लाभार्थियों को 1.12 करोड़ से ज्यादा ऋण वितरित किए जा चुके हैं। इन ऋणों का कुल मूल्य 17,800 करोड़ रुपए से अधिक है। आइए इस योजना के बारे में विस्तार से जानते हैं।
2020 में रेहड़ी-पटरी विक्रेताओं की आर्थिक मदद के लिए पीएम स्वनिधि योजना की शुरुआत की गई थी। इस योजना के तहत स्ट्रीट वेंडर्स को लोन उपलब्ध कराया जाता है। लाभार्थियों को फेज में 15,000, 25,000 और 50,000 रुपए तक का लोन दिया जाता है। इसके बाद जो लाभार्थी समय पर लोन चुकाते हैं उन्होंने ब्याज सब्सिडी और क्रेडिट गारंटी जैसे फायदे भी मिलते हैं। इसके साथ ही दूसरी लोन किस्त सफलतापूर्वक चुकाने वाले वेंडर्स को 30,000 रुपए तक की लीमिट वाला UPI से जुड़ा रुपे क्रेडिट कार्ड भी उपलब्ध कराया जाता है। इसके अलावा डिजिटल ट्रांजैक्शन को प्रोत्साहित करने के लिए 1,600 रुपए तक का कैशबैक दिया जाता है।
Today we mark #6YearsofPMSVANidhi, a scheme which has transformed the lives of countless street vendors by ensuring access to collateral-free credit, financial inclusion and new opportunities for growth. This scheme is all about trust, dignity and empowerment. My best wishes to… https://t.co/M4N8J9UoqK
— Narendra Modi (@narendramodi) June 1, 2026
पीएम मोदी ने इस योजना के छह वर्ष पूरे होने पर यह भी कहा कि पीएम स्वनिधि भरोसे, गरिमा और सशक्तीकरण से जुड़ी योजना है। पीएम मोदी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, “आज पीएम स्वनिधि के छह वर्ष पूरे हो गए। यह ऐसी योजना है, जिसने बिना गारंटी ऋण सुविधा, वित्तीय समावेशन और विकास के नए अवसर उपलब्ध कराकर असंख्य रेहड़ी-पटरी वालों का जीवन बदला है। यह योजना भरोसे, गरिमा और सशक्तीकरण से जुड़ी है। उन सभी लाभार्थियों को मेरी शुभकामनाएं, जिनका संकल्प और जिनकी उद्यमशीलता हमारे देश की अर्थव्यवस्था को लगातार मजबूत कर रही है।”
